खान आशु
भोपाल। भारतीय कंपनी के कान्सेप्ट और बिजनेस मॉडल को फेसबुक द्वारा चुराए जाने के आरोप लगाते हुए जिला अदालत में प्रस्तुत किए गए प्रकरण में फेसबुक इण्डिया की मामला सुनवाई योग्य न होने से खारिज किए जाने की याचिका पर शुक्रवार को दोनों पक्षों के वकीलों द्वारा बहस पेश की जाएगी। पिछली पेशी पर नोटिस तामील होने के बावजूद हाजिर नहीं होने पर कोर्ट ने फेसबुक के संस्थापक मार्क जुकरबग, फेसबुक के शीर्ष अधिकारी आर्चिबॉन्ग एवं मेटा को एक्स पार्टी घोषित कर दिया है। द ट्रेड बुक नामक भारतीय कंपनी के संस्थापक स्वप्निल राय ने वर्ष 2015 में द ट्रेड बुक को दुनिया भर में प्रसारित करने हेतु फेसबुक के अमेरिका स्थित ऑफिस में ट्रेड बुक प्रोजेक्ट के बारे में फेसबुक से संपर्क किया था। फेसबुक के संस्थापक मार्क जुकेरबर्ग के वर्ष 2015 में भारत की यात्रा के दौरान फेसबुक के शीर्ष अधिकारी आर्चिबांग से प्रोजेक्ट पर बातचीत की थी । फेसबुक अधिकारी ने प्रोजेक्ट एवं आईडिया ईमेल द्वारा लिया था। जब ट्रेड बुक इंडियन पेटेंट एंड ट्रेड मार्क जर्नल में पब्लिश हुआ तो फेसबुक द्वारा कंपनी को नोटिस भेज कर प्रोजेक्ट को बंद करने का दवाब डाला। फेसबुक के शीर्ष अधिकारी पहले प्रोजेक्ट में अपनी रूचि दिखा रहे थे ,बाद में उन्होंने वकील के माध्यम से नोटिस भेज कर कंपनी को अपना प्रोजेक्ट बंद करने एवं भविष्य में इस तकनीक पर काम न करने हेतु दबाव डाला। दवाब में नहीं आने पर फेसबुक द्वारा भारतीय कंपनी के विरुद्ध तीन केस भारतीय पेटेंट एंड ट्रेड मार्क ऑफिस में दायर कर भारतीय कंपनी के इंटेलेक्टुअल प्रॉपर्टी मार्क्स को रोकने की मांग की । एक तरफ फेसबुक भारतीय कंपनी को रोकने की कोशिश कर रही थी, वहीं दूसरी और भारतीय कंपनी के प्रोजेक्ट को खुद शुरु करते हुए कंपनी के प्रोजेक्ट के समस्त फीचर्स को अपने प्रोजेक्ट में शामिल कर लिया । भारतीय कंपनी के विरूद्ध केस दायर करने के बाद भी फेसबुक खुद अपने पोर्टल पर द ट्रेड बुक प्रोजेक्ट को भारतीय कंपनी से पैसे लेकर प्रदर्शित कर रही थी, लेकिन फिर फेसबुक ने इस भारतीय कंपनी को अचानक बंद कर दिया। फेसबुक ने इस प्रोजेक्ट से जुड़े छात्र आर्यन राय के प्रोजेक्ट फीचर एवं क्लास बुक विरूद्व भी केस दायर कर दिया।
Bhopal News : द ट्रेड बुक और फेसबुक मामले में कोर्ट में आज होगी सुनवाई, जानें क्या है मामला
